केन्द्रीय जलशक्ति सचिव ने उ.प्र. सरकार द्वारा संचालित सिंचन क्षमता वृद्धि की सराहना की

बिजनौर।


जलशक्ति मंत्रालय भारत सरकार के सचिव यू.पी.सिंह ने उत्तर प्रदेश में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अन्तर्गत 0.41 लाख हेक्टेयर सिंचन क्षमता सृजित किये जाने पर मध्य गंगा द्वितीय चरण के मुख्य अभियंता एके0सेंगर की सराहना की है। उन्होंने कहा है कि प्रधानमंत्री कृषि योजना एक महत्वाकांक्षी परियोजना है। इसके तहत किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त जल की व्यवस्था करके किसानों को आर्थिक रूप से खुशहाल बनाते हुए ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।
सचिव जलशक्ति शनिवार को जनपद बिजनौर के सिंचाई विभाग के निरीक्षण गृह में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने जिलाधिकारी बिजनौर को इस परियोजना को शीघ्र पूरा करने के लिए 31 मार्च 2020 तक जमीन उपलब्ध कराने के लिए आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इस नहर का कार्य शीघ्र पूरा होने से किसानों को सिंचाई के लिए भरपूर पानी उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने इस नहर को पूरा करने के लिए एक वर्ष की अवधि बढ़ाने के लिए मंजूरी भी दी। उन्होंने कहा कि नहर निर्माण का कार्य युद्धस्तर पर किया जाये।
बैठक में मध्य गंगा द्वितीय चरण परियोजना के मुख्य अभियंता एके सेंगर ने बताया कि परियोजना के इस द्वितीय चरण मे अमरोहा, मुरादाबाद एवं सम्भल के 12 विकास खण्डों मैं से 11 अति दोहित विकासखंडों में सतही जल की व्यवस्था कर 1.46 लाख हेक्टेयर क्षमता सृजित होगी। उन्होंने बताया कि परियोजना की मा0 मुख्यमंत्री जी एवं जलशक्ति मंत्री के स्तर से नियमित समीक्षा की जाती है, जिसके फलस्वरूप कार्यों मे गतिशीलता आयी है। इसके अलावा प्रमुख सचिव सिंचाई टी0 वेंकटेश के मार्गदर्शन में जिला प्रशासन के सहयोग से स्थलीय भ्रमण कर योजना को मानकों के तहत संचालित किया जा रहा है।
परियोजना की प्रगति प्रस्तुतिकरण करते हुए सेंगर ने यह भी बताया कि भूमि क्रय कार्य में जिला प्रशासन के सहयोग से उल्लेखनीय प्रगति हुई है। गत वर्ष 35 हे0 प्रति माह के सापेक्ष इस वर्ष 70 हे0जमीन नहर निर्माण हेतु खरीदी जा रही है। जिलाधिकारी बिजनौर रमाकान्त पाण्डेय ने बताया कि नहर हेतु जमीन अधिग्रहण सम्बन्धी कार्यवाही को प्राथमिकता देेते हुए सभी कार्य शीघ्र पूरे कर लिये जायेंगे। उन्होंने केन्द्रीय सचिव को आश्वस्त किया कि नहर निर्माण के लिए जमीन की व्यवस्था निर्धारित अवधि तक अवश्य करा दी जायेगी।
इस पर केन्द्रीय जलशक्ति सचिव ने संतोष व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी को इस कार्य मे और अधिक तेजी लाने के निर्देश दिये। मुख्य अभियंता मध्य गंगा ने अवगत कराया कि अधीक्षण अभियंता केएम कंसल व अधिशाषी अभियंता वीएस चहर एवं पी0 गौतम द्वारा लगातार क्षेत्र का भ्रमण कर समय सीमा के अंदर कार्य पूर्ण करने के प्रयास किए जा रहे हैं। केन्द्रीय जलशक्ति सचिव ने रविवार को भी बिजनौर जनपद में भ्रमण कर नहर की विभिन्न प्रणालियों का अवलोकन किया और ंिसंचाई विभाग के अभियन्ताओं को आवश्यक निर्देश दिये।


 

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